नई दिल्ली। दक्षिण-पश्चिम मानसून की शुरुआत भले ही तय समय से कुछ देरी के बाद हुई हो, लेकिन अब इसके आगे बढ़ने की गति धीमी पड़ गई है। 4 जून को केरल तट पर पहुंचने के बाद मानसून ने 6 जून तक पांच राज्यों में अपनी मौजूदगी दर्ज कराई थी, मगर पिछले एक सप्ताह से इसकी प्रगति लगभग थम सी गई है। वर्तमान में मानसून तमिलनाडु के चेन्नई, महाराष्ट्र के हरनाई और पश्चिम बंगाल के सिलीगुड़ी क्षेत्र के आसपास ठहरा हुआ है। हालांकि मौसम वैज्ञानिकों का अनुमान है कि अगले तीन दिनों में इसकी रफ्तार फिर तेज होगी और यह महाराष्ट्र, तेलंगाना तथा आंध्र प्रदेश के शेष इलाकों में तेजी से आगे बढ़ सकता है।
मानसून की धीमी चाल के बावजूद देश के अधिकांश हिस्सों में प्री-मानसून गतिविधियां जोर पकड़ चुकी हैं। गुजरात को छोड़कर लगभग सभी राज्यों में बारिश, तेज हवाओं और गरज-चमक का दौर देखने को मिल रहा है। राजस्थान, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, बिहार, पंजाब, दिल्ली और पश्चिम बंगाल सहित कई राज्यों में बीते 24 घंटों के दौरान मौसम ने करवट ली है।
बिहार में गुरुवार सुबह मौसम का मिजाज अचानक बदल गया। राजधानी पटना समेत बक्सर, सुपौल और अन्य जिलों में तेज हवाओं के साथ बारिश हुई। कई इलाकों में दिन के समय ही अंधेरे जैसे हालात बन गए, जिससे वाहन चालकों को हेडलाइट जलाकर सफर करना पड़ा। मौसम विभाग ने राज्य के 38 जिलों के लिए आंधी और बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है।
उत्तर प्रदेश में भी प्री-मानसून बारिश का सिलसिला जारी है। प्रयागराज, मेरठ, सहारनपुर, गोंडा, देवरिया, बलिया, संभल और बिजनौर सहित कई जिलों में तेज हवाओं के साथ बारिश दर्ज की गई। मौसम विभाग ने प्रदेश के सभी 75 जिलों में गरज-चमक, तेज हवा और वर्षा की चेतावनी जारी की है।
हालांकि बारिश ने लोगों को गर्मी से कुछ राहत दी है, लेकिन कई राज्यों में तापमान अब भी चिंता का विषय बना हुआ है। देश के आठ राज्यों में अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से ऊपर दर्ज किया गया। पंजाब का भटिंडा सबसे गर्म शहर रहा, जहां तापमान 46.2 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। राजस्थान के श्रीगंगानगर में 45.9 डिग्री, महाराष्ट्र के ब्रह्मपुरी में 45.5 डिग्री, उत्तर प्रदेश के बांदा में 45.4 डिग्री और मध्य प्रदेश के खजुराहो में 45 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड किया गया।
तेज हवाओं और खराब मौसम के कारण कई स्थानों पर जनजीवन भी प्रभावित हुआ। उत्तर प्रदेश के चित्रकूट में हाल ही में बने लगभग 4.5 करोड़ रुपये लागत वाले ऑडिटोरियम की छत तेज हवा में उड़ गई। इटावा, सीतापुर और फिरोजाबाद में अलग-अलग घटनाओं में तीन लोगों की मौत हो गई। वहीं पंजाब के मानसा जिले में आंधी के दौरान लोहे का भारी गेट गिरने से नौ वर्षीय बच्चे की जान चली गई। दिल्ली में खराब मौसम के चलते दो विमानों को जयपुर की ओर डायवर्ट करना पड़ा।
मौसम विभाग ने गुरुवार को देश के 22 राज्यों में तेज बारिश और आंधी-तूफान का अलर्ट जारी किया है। राजस्थान, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, छत्तीसगढ़, ओडिशा, दिल्ली, पंजाब, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, जम्मू-कश्मीर, पश्चिम बंगाल, सिक्किम, असम, मेघालय, तमिलनाडु, केरल, कर्नाटक, आंध्र प्रदेश और गोवा में मौसम खराब रहने की संभावना है।
विशेषज्ञों के अनुसार 12 और 13 जून के दौरान उत्तर भारत के कई हिस्सों में 50 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। पहाड़ी राज्यों में ओलावृष्टि की भी आशंका जताई गई है। वहीं दक्षिण भारत और पूर्वोत्तर के राज्यों में भारी बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। मौसम विभाग का कहना है कि आने वाले दिनों में मानसून के दोबारा सक्रिय होने से देश के बड़े हिस्से में बारिश की गतिविधियां और तेज हो सकती हैं।